नेम चन्द ठाकुर की नवीन पुस्तक “लामा हैं तो जोमो भी हैं” प्रकाशित
बाघल टाइम्स
अर्की ब्यूरो (24 अप्रैल) हिमाचल प्रदेश के प्रसिद्ध इतिहासवेत्ता नेम चन्द ठाकुर की नवीन पुस्तक “लामा हैं तो जोमो भी हैं” प्रकाशित होकर अब पाठकों, शोधार्थियों और घुमक्कड़ों के मध्य उपलब्ध है। किन्नौर जनपद को केंद्र में रख कर लिखी 312 पृष्ठों तथा 44 छायाचित्रों से सुसज्जित यह पुस्तक दिल्ली स्थित चंद्रमुखी प्रकाशन से प्रकाशित होकर आई है। लेखक ने भूमिका के माध्यम से किन्नर जाति के ऐतिहासिक और भौगौलिक पहचान की विस्तृत पड़ताल की है। इसके अतिरिक्त विभिन्न समय में लेखक द्वारा किन्नौर की अनेक यात्राओं के बहाने किन्नौर के जनजीवन, इतिहास, संस्कृति, परंपराओं, बौद्ध धर्म आदि पर प्रकाश डाला है।

पुस्तक का लगभग आधा भाग बौद्ध संन्यासिनों के जीवन, शिक्षा, इतिहास संस्कृति और दैनिक चर्या से संबंधित है। इसके अतिरिक्त लेखक ने किन्नर कैलाश की यात्रा, किन्नर कैलाश परिक्रमा, यूला कंडा यात्रा तथा जंगराम गोरि की यात्रा के दौरान इकट्ठी की जानकारी को साझा किया है। सोलन जिला की अर्की तहसील के अन्दरौली गांव से संबंध रखने वाले लेखक नेम चन्द ठाकुर ने विगत लगभग 10 वर्षों के अंदर किन्नर की यात्राएं की है।
पुस्तक में तीन महत्वपूर्ण परिशिष्ट भी संलग्न हैं। इनमें ऐतिहासिक और सांस्कृतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण एक प्रत्यंत हिमालय गांव – पूह, दूसरा तिब्बती पंचांग से संबंधित कुछ महत्वपूर्ण जानकारी तथा तीसरा किन्नौर के मेले और त्योहार पर केंद्रित है। इससे पूर्व सोलन जनपद पर लिखी इनकी पुस्तक काफी चर्चित रही।
यह पुस्तक नेम चन्द ठाकुर की नौवीं पुस्तक है। इसके अतिरिक्त इनके शोध पत्र, लेख, यात्रा संस्मरण राष्ट्रीय, अंतर्राष्ट्रीय पत्र पत्रिकाओं में प्रकाशित होते रहते हैं। नेम चन्द ठाकुर ने बताया कि “मेरा पूर्व में इस तरह की पुस्तक लिखने का कोई विचार नहीं था। मैं तो जोमो पर काम कर रहा था। उनके जीवन पर काम करते करते मित्रों के सुझाव पर यह पुस्तक तैयार हो गई जिसे लिखने में तीन वर्ष का समय लगा।” नेम चन्द ठाकुर को वर्ष 2023 में प्रदेश सरकार ने हिमाचल गौरव पुरस्कार से सम्मानित किया था। गत वर्ष लखनऊ की शब्दशत्ता पत्रिका ने वर्ष 2024 के लिए तथा कुल्लू स्थित भूट्टिको विवर्ज ने नेम चन्द ठाकुर को वर्ष 2025 के लिए पुरोहित चन्द्र शेखर बेबस लोक साहित्य राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया।